छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट की शासन को फटकार, सार्वजनिक परिवहन में लापरवाही पर परिवहन सचिव तलब

छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में लापरवाही को लेकर दायर जनहित याचिका पर हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की डबल बेंच ने शासन के हलफनामे को त्रुटिपूर्ण और भ्रामक बताते हुए नाराजगी जताई। कोर्ट ने परिवहन सचिव और आयुक्त को अगली सुनवाई में व्यक्तिगत रूप से पेश होने का आदेश दिया है।

ये खबर भी पढ़ें… छत्तीसगढ़ की जेलों में भीड़, 5,600 अतिरिक्त कैदी, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में डीजीपी का शपथपत्र

शपथ पत्र पर सवाल, अवमानना की चेतावनी

सुनवाई के दौरान कोर्ट ने शासन द्वारा पेश शपथ पत्र पर तीखी टिप्पणी की। कोर्ट ने पूछा था कि बिलासपुर जिले में कितनी बसें संचालित हो रही हैं। जवाब में परिवहन विभाग के सचिव और बिलासपुर नगर निगम आयुक्त ने संयुक्त रूप से शपथ पत्र दाखिल किए जाने की जानकारी अतिरिक्त महाधिवक्ता यशवंत सिंह ठाकुर ने कोर्ट को दी। उन्‍होंने बताया कि छत्तीसगढ़ में शहरी सार्वजनिक परिवहन प्रणाली 2012-13 में शुरू हुई थी, जिसमें 70 शहरों/कस्बों के लिए 451 बसें खरीदी गई थीं।

ये खबर भी पढ़ें… बालको प्रदूषण से कोरबा के 200 परिवारों का जीवन संकट में, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने दिए तत्काल पुनर्वास के आदेश

ये बसें रायपुर, दुर्ग-भिलाई, राजनांदगांव, बिलासपुर, कोरबा, रायगढ़, कोरिया, सरगुजा और बस्तर के 9 शहरी समूहों में चलाई जा रही हैं। बिलासपुर में 9 बसों में से 6 चालू हालत में हैं, जिनमें 5 वर्तमान में चल रही हैं, और एक बस जल्द शुरू होगी।

ये खबर भी पढ़ें… छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने जर्जर स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों पर शिक्षा विभाग को किया तलब

मीडिया खबरों ने खोली पोल

कोर्ट ने मीडिया में प्रकाशित खबरों का हवाला देते हुए शपथ पत्र को भ्रामक करार दिया। चीफ जस्टिस ने सख्त लहजे में कहा कि गलत जानकारी देने को अवमानना माना जा सकता है। कोर्ट ने परिवहन सचिव और आयुक्त को गुरुवार को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का निर्देश दिया। 

ये खबर भी पढ़ें… मेडिकल एडमिशन नियम में NRI कोटा हटाने की याचिका खारिज, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का बड़ा फैसला

सार्वजनिक परिवहन की बदहाली पर कोर्ट सख्त

जनहित याचिका में सार्वजनिक परिवहन की खराब स्थिति और लापरवाही का मुद्दा उठाया गया था। कोर्ट का यह कड़ा रुख दर्शाता है कि वह आम जनता के लिए सुगम और विश्वसनीय परिवहन व्यवस्था सुनिश्चित करने को लेकर गंभीर है। अब सभी की नजरें अगली सुनवाई पर टिकी हैं, जहां शासन को अपनी स्थिति स्पष्ट करनी होगी।

thesootr links

द सूत्र कीt खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट के साथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें

अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃 🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧

 

  • Related Posts

    Esteroides: Información Esencial y Consideraciones Importantes

    ¿Qué son los esteroides? Los esteroides son compuestos químicos que se producen de forma natural en el cuerpo humano, principalmente en las glándulas suprarrenales y en los tejidos gonadales. Estos…

    Read more

    Il Crescita dei Casinos Monero: Una Panoramica Completa

    Nell’ambiente rapidamente sviluppo del gioco d’azzardo online, le criptovalute sono emerse come una forza trasformativa, introducendo nuovi standard per la privacy, la sicurezza, betaland casino e la flessibilità finanziaria. Tra…

    Read more

    You cannot copy content of this page